प्रतीकात्मक फोटो
मास्को:
अंतरराष्ट्रीय तैराकी महासंघ (फिना) ने रूस के दो तैराकों निकिता लोबिंटसेव और व्लादिमिर मोरोजोव को शुक्रवार से शुरू हो रहे रियो ओलिंपिक-2016 में हिस्सा लेने के लिए मंजूरी दे दी है. रूस के खेल वकील आर्टयोम पाटसेव ने मंगलवार को यह जानकारी दी.
समाचार एजेंसी तास को दिए साक्षात्कार में पाटसेव ने कहा, "हां, मोरोजोव और लोबिंटसेव को फिना ने ओलिंपिक में हिस्सा लेने की मंजूरी दे दी है."
तैराकी की विश्व नियामक संस्था ने पिछले महीने कहा था कि रूस के दो खिलाड़ियों का विश्व डोपिंग रोधी एजेंसी (वाडा) के स्वतंत्र आयोग की रिपोर्ट में नाम आने के बाद वह खिलाड़ियों को ओलिंपिक में हिस्सा लेने से प्रतिबंधित कर सकती है.
वाडा के स्वतंत्र आयोग ने 2014 में सोच्ची में हुए शीतकालीन ओलिंपिक खेलों में डोपिंग के मामलों को लेकर अपनी रिपोर्ट में खिलाड़ियों के नामों का खुलासा किया था.
हालांकि आयोग की पूरी रिपोर्ट को पढ़ने के बाद फिना ने दोनों खिलाड़ियों को रियो ओलिंपिक-2016 में हिस्सा लेने के लिए हरी झंडी दे दी.
हालांकि फिना के फैसले का मतलब यह नहीं है कि दोनों रूसी तैराक रियो में हिस्सा ले पाएंगे. इस पर अंतिम फैसला हाल ही में अंतर्राष्ट्रीय ओलिंपिक समिति (आईओसी) द्वारा गठित तीन सदस्यीय समिति को लेना है. इसके बाद ही खिलाड़ी ओलिंपिक में खेल पाएंगे.
खेल पंचाट न्यायालय (सीएएस) भी रूसी खिलाड़ियों के ओलिंपिक में हिस्सा लेने पर अपनी टिप्पणी करेगा, क्योंकि अदालत अभी रूसी तैराकी महासंघ द्वारा इन दोनों खिलाड़ियों पर लगे प्रतिबंध के फैसले के खिलाफ दायर की गई याचिका की समीक्षा कर रही है.
समाचार एजेंसी तास को दिए साक्षात्कार में पाटसेव ने कहा, "हां, मोरोजोव और लोबिंटसेव को फिना ने ओलिंपिक में हिस्सा लेने की मंजूरी दे दी है."
तैराकी की विश्व नियामक संस्था ने पिछले महीने कहा था कि रूस के दो खिलाड़ियों का विश्व डोपिंग रोधी एजेंसी (वाडा) के स्वतंत्र आयोग की रिपोर्ट में नाम आने के बाद वह खिलाड़ियों को ओलिंपिक में हिस्सा लेने से प्रतिबंधित कर सकती है.
वाडा के स्वतंत्र आयोग ने 2014 में सोच्ची में हुए शीतकालीन ओलिंपिक खेलों में डोपिंग के मामलों को लेकर अपनी रिपोर्ट में खिलाड़ियों के नामों का खुलासा किया था.
हालांकि आयोग की पूरी रिपोर्ट को पढ़ने के बाद फिना ने दोनों खिलाड़ियों को रियो ओलिंपिक-2016 में हिस्सा लेने के लिए हरी झंडी दे दी.
हालांकि फिना के फैसले का मतलब यह नहीं है कि दोनों रूसी तैराक रियो में हिस्सा ले पाएंगे. इस पर अंतिम फैसला हाल ही में अंतर्राष्ट्रीय ओलिंपिक समिति (आईओसी) द्वारा गठित तीन सदस्यीय समिति को लेना है. इसके बाद ही खिलाड़ी ओलिंपिक में खेल पाएंगे.
खेल पंचाट न्यायालय (सीएएस) भी रूसी खिलाड़ियों के ओलिंपिक में हिस्सा लेने पर अपनी टिप्पणी करेगा, क्योंकि अदालत अभी रूसी तैराकी महासंघ द्वारा इन दोनों खिलाड़ियों पर लगे प्रतिबंध के फैसले के खिलाफ दायर की गई याचिका की समीक्षा कर रही है.
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं
रियो ओलिंपिक, रियो ओलिंपिक 2016, रूसी तैराक, डोपिंग, ओलिंपिक, Rio Olympics, Russian Swimmers, Russia, Doping, Olympics, Dope Test, Rio Olympics 2016