बॉलीवुड एक्टर राहुल रॉय पिछले दिनों सुर्खियों में छाए रहे. वजह थी उनकी कुछ रील्स जो सोशल मीडिया पर वायरल हो गईं. इन रील्स में उनके साथ डॉ. वनिता घाडगे देसाई नजर आईं. वीडियो रिलीज होते ही सोशल मीडिया पर सनसनी मच गई कि आखिर राहुल किसके साथ रील बना रहे हैं. कुछ लोग ट्रोल करने लगे कुछ मजाक बनाने लगे. मामला बढ़ता देख एक्टर ने खुद सामने आकर जवाब देने का फैसला किया. उन्हें लगा शायद अब मामला शांत हो जाए लेकिन जब कमेंट्स का सिलसिला थमा नहीं तो डॉ.वनिता ने खुद सामने आकर ट्रोल्स का मुंहतोड़ जवाब दिया है और अपनी सच्चाई लोगों के सामने रखी है.
बता दें कि रील्स वायरल होने के बाद राहुल रॉय ने अपनी आर्थिक मुश्किलों, कानूनी परेशानियों और 2020 के ब्रेन स्ट्रोक के बाद की जिंदगी के बारे में इंस्टाग्राम पर भावुक पोस्ट किया. कई सेलिब्रिटी ने उनका साथ दिया, लेकिन ट्रोलिंग थमी नहीं. इसी बीच डॉ.वनिता ने इंस्टाग्राम पर लगातार वीडियो पोस्ट कर पूरा मामला साफ किया.
“मैं कोई सड़क की लड़की नहीं”
पहले वीडियो में डॉ.वनिता ने साफ कहा कि लोग उन्हें गलत तरीके से सिर्फ ‘वायरल महिला' के रूप में देख रहे हैं. उन्होंने बताया कि उनकी अपनी पहचान, एजुकेशन और अचीवमेंट्स हैं. पिछले 10 दिनों में सोशल मीडिया पर जो हंगामा मचा, उसे देखते हुए उन्हें सफाई देनी पड़ी.
“मैंने राहुल रॉय को मौका दिया”
वनिता ने नैरेटिव पलटते हुए कहा कि असल में उन्होंने ही राहुल रॉय को रील्स में काम करने का मौका दिया. “जब हम किसी के फैन होते हैं तो उसकी अच्छाइयां और कमजोरियां दोनों स्वीकार करनी चाहिए. बड़े पर्दे पर काम न मिलने के कारण मैंने उन्हें रील्स के जरिए दुनिया को दिखाना चाहा कि वे आज भी कितने फिट और एवरग्रीन हैं.” उन्होंने राहुल रॉय की उम्र, एक्टिंग स्टाइल और सादगी की तारीफ की.
“मुंबई की लाखों महिलाओं में उन्होंने मुझे चुना”
तीसरे वीडियो में उन्होंने कहा, “मुंबई में करोड़ों महिलाएं हैं, फिर भी उन्होंने मेरे साथ रील्स बनाईं. इसका मतलब मेरे व्यक्तित्व में कुछ खास जरूर है.” उन्होंने बताया कि पहले भी उनके लुक्स को लेकर सवाल उठे थे, जब दूरदर्शन में उनका सिलेक्शन हुआ था. तब उनकी उपलब्धियों ने सबको चुप कराया था.
“लात मारकर सॉरी नहीं बोला जाता”
वनिता ने ट्रोल्स पर जमकर नाराजगी जताई. “अगर आप असली फैन होते तो गालियां नहीं देते. राहुल सर अभी बीमारी से उभरे हैं. उन्हें सपोर्ट करना चाहिए था न कि ट्रोल. फैन बनकर अच्छाई-बुराई दोनों अपनानी पड़ती है. हम पांच साल से एक-दूसरे को जानते हैं.”
“ब्रेन स्ट्रोक के बाद उनकी मदद की”
सबसे भावुक वीडियो में उन्होंने खुलासा किया कि उनका रिश्ता सिर्फ कंटेंट तक सीमित नहीं है. “मैं पहले यह बात नहीं बताना चाहती थी, लेकिन ब्रेन स्ट्रोक के बाद मैंने उनकी मदद की है और आगे भी करती रहूंगी.” उन्होंने राहुल रॉय को गुरु के समान बताया और कहा, “उनके बारे में बुरा बोलना भगवान को लात मारने जैसा है.”
डॉ. वनिता का कहना है कि उनका रिश्ता सम्मान और इंसानियत पर टिका है, न कि सिर्फ सोशल मीडिया का. वे सहानुभूति बटोरने नहीं, बल्कि सच्चाई बताने आई थीं. यह सफाई आने के बाद अब सोशल मीडिया पर चर्चा का नया दौर शुरू हो गया है.