पाकिस्तानी एक्टर-सिंगर अली जफर ने मंगलवार (24 मार्च) को एक नोट जारी किया. इसमें उन्होंने बताया कि कैसे बिना बनियान के एक ट्रांसपेरेंट कुर्ता पहनना "सबसे अहम राष्ट्रीय और वैश्विक मुद्दों में से एक" बन गया. इस कटाक्ष भरी माफी वाली पोस्ट में वह अपनी ईद की तस्वीरों में से एक को लेकर ट्रोल किए जाने का जिक्र कर रहे थे. इसमें उन्होंने एक ट्रांसपेरेंट कुर्ता पहना था. इस कुर्ते के नीचे उन्होंने बनियान नहीं पहनी थी जिस पर उन्हें काफी ट्रोल किया जाने लगा. अपनी माफी वाली पोस्ट में अली जफर ने तंज कसते हुए माफी मांगी और आखिर में यह भी कहा कि वह इस "गलती" को नहीं दोहराएंगे और खास खयाल रखेंगे कि ऐसा दोबारा न हो.
जफर ने कहा, "मैं बिना बनियान के ट्रांसपेरेंट कुर्ता पहनने के लिए, और ईद पर पारंपरिक अज्रक धोती पहनकर पौधों को पानी देने जैसे बेहद गंभीर अपराध के लिए देश से माफी मांगना चाहता हूं."
उन्होंने आगे अपनी ड्रेसिंग सेंस को लेकर आलोचना करने वालों पर तंज कसा, और कहा कि "मैं समझता हूं कि हाल के दिनों में यह सबसे जरूरी राष्ट्रीय और वैश्विक मुद्दों में से एक बन गया है, जिसने हर किसी की जिंदगी पर असर डाला है और मैं पूरी कोशिश करूंगा कि यह गंभीर गलती दोबारा न दोहराऊं. इस मामले पर ध्यान देने के लिए आप सभी का शुक्रिया."
बता दें कि साल 2025 में पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारत में अली जफर का इंस्टाग्राम अकाउंट और कई दूसरे पाकिस्तानी कलाकारों का अकाउंट बैन है, लेकिन उनके मैसेज का एक स्क्रीनशॉट सोशल मीडिया पर वायरल हो गया. 2025 में हुए आतंकी हमले में 26 लोगों की जान जाने के बाद, हानिया आमिर और माहिरा खान समेत कई पाकिस्तानी कलाकारों के इंस्टाग्राम अकाउंट भी भारत में बंद कर दिए गए थे.
म्यूजिक की दुनिया में कदम रखने से पहले, अली जफर ने 'कॉलेज जीन्स', 'कांच के पर' जैसे पाकिस्तानी टीवी शो से अपने करियर की शुरुआत की थी. इसके बाद उन्होंने 2010 में फिल्म 'तेरे बिन लादेन' से बॉलीवुड में डेब्यू किया. बाद में अली को 'मेरे ब्रदर की दुल्हन' (2011), 'चश्मे बद्दूर' (2013) और 'डियर जिंदगी' (2016) जैसी फिल्मों में अपने किरदारों के चलते भारत में शोहरत मिली.