भारत G7 का स्थायी सदस्य नहीं है, इसके बावजूद लगभग हर साल भारत को इसके समिट में आमंत्रित किया जाता है. सात सबसे अमीर विकसित देशों को अपने समिट के लिए भारत की जरूरत पड़ती है, आइए समझते हैं. भारत सिर्फ एक मेहमान की तरह G7 में शामिल नहीं होता, बल्कि वह वैश्विक एजेंडा तय करने में अहम भूमिका निभाता है.