अमेरिका ने 50 प्रतिशत शुल्क लगाने का एकतरफा निर्णय लिया है, जिसका कोई स्पष्ट तर्क नहीं बताया गया है. इस शुल्क वृद्धि के बावजूद भारत और अमेरिका के बीच व्यापार वार्ता जारी है और समाधान की संभावना बनी हुई है. भारत ने इस कदम को अनुचित और अविवेकपूर्ण बताया है तथा वाणिज्य मंत्रालय वार्ता में सक्रिय भूमिका निभा रहा है.