अमेरिका और चीन के बीच बीजिंग में हुई उच्चस्तरीय बैठक में प्रतिनिधिमंडल में एक भी महिला शामिल नहीं थी सोशल मीडिया और विशेषज्ञों ने इस बैठक की पूरी पुरुष प्रधानता पर आलोचना करते हुए लैंगिक असमानता को उजागर किया हार्वर्ड की प्रोफेसर गीता गोपीनाथ ने कहा- यह स्थिति योग्यता के बजाय नेटवर्किंग आधारित व्यवस्था को दर्शाती है