नीदरलैंड ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की उपस्थिति में चोल राजवंश के ताम्रपत्र भारत को सौंपे ये ताम्रपत्र 11वीं शताब्दी के हैं और इस पहल को दोनों देशों के बीच मजबूत संबंधों के रूप में देखा जा रहा है भारत 2012 से ताम्रपत्रों की वापसी की मशक्कत में था, जिन्हें नीदरलैंड में लीडेन प्लेट्स के नाम से जाना जाता है