प्रशांत किशोर ने चुनाव आयोग से इलेक्टोरल रोल में बदलाव की प्रक्रिया स्पष्ट करने का आग्रह किया. उन्होंने कहा कि इलेक्टोरल रोल का कार्य चुनाव आयोग का है, न कि किसी पार्टी का. किशोर ने पूर्व में हुए बैलेट पेपर से छेड़छाड़ के मुद्दे को उठाया और इसकी गंभीरता बताई. लोकतांत्रिक प्रक्रियाओं में तकनीक का उपयोग हमेशा सुरक्षित नहीं होता.