सबरीमला मामले की संविधान पीठ में नौवें दिन सुनवाई के दौरान वकील ने महिलाओं के प्रवेश पर रोक का समर्थन किया उपाध्याय ने धर्म और मजहब को अलग बताते हुए कहा कि धर्म मजहब से बड़ा होता है और विवादों की वजह बनता है उन्होंने संस्कृत को अंग्रेजी से श्रेष्ठ बताया और अनुच्छेद 25 और 26 पर प्रतिबंधात्मक व्याख्या की आलोचना की