चंद्रशेखर राव ने कनक दुर्गा को हीरे की नथ अर्पित की. पांच साल पुरानी मनौती पूरी होने के बाद केआर राव ने यह भेंट चढ़ाई. इंद्रकीलाद्री पर्वत पर बना कनक दुर्गा मां का मंदिर अत्यंत प्राचीन है.