सुधानी मध्य विद्यालय में शिक्षकों ने स्कूल को ट्रेन के डिब्बे के रंग में रंगकर बच्चों की रुचि बढ़ाई. शिक्षकों ने स्कूल को बोरिंग समझने वाले बच्चों को आकर्षित करने के लिए क्लासरूम को रंगीन और आकर्षक बनाया. पहले बच्चे खेतों में काम करने या घरेलू कार्यों में लगे रहते थे, जिससे स्कूल की उपस्थिति कम थी.