महाराष्ट्र सरकार ने पहली से दसवीं कक्षा तक सभी स्कूलों में मराठी भाषा पढ़ाना अनिवार्य कर दिया है मराठी पढ़ाने के लिए स्कूलों में योग्य मराठी शिक्षकों की नियुक्ति करना होगा और उनकी भर्ती सुनिश्चित करनी होगी शिक्षा अधिकारियों और निरीक्षण टीमों में मराठी शिक्षकों को शामिल कर नीति के पालन की निगरानी भी की जाएगी