हिज्बुल्लाह के संस्थापकों में से एक इमाद मुगनीयेह को अमेरिका और इजरायल के लिए सबसे बड़े खतरा माना जाता था मुगनीयेह ने 1980 के दशक में आत्मघाती हमले और बंधक बनाने के अभियान के जरिए वैश्विक आतंकवाद की कार्यशैली बदली थी अमेरिकी और इजरायली एजेंसियों ने वर्षों की योजना के बाद 2008 में दमिश्क में मुगनीयेह की हत्या की