उत्तर प्रदेश में बिजली कटौती को लेकर समाजवादी पार्टी और बीजेपी के बीच तीखी राजनीतिक बहस चल रही है. ऊर्जा मंत्री एके शर्मा ने बिजली कटौती को राजनीति करार देते हुए पिछली सरकार की तुलना में सुधार बताया. प्रदेश में बिजली की मांग बढ़कर 31 हजार मेगावॉट हो गई है जबकि उपभोक्ता संख्या भी दोगुनी से अधिक हो गई है.