सीकर के राकेश कुमार मंडावरिया ने बिवाल भाइयों से पेपर 15 लाख रुपये में खरीदा. 30 अप्रैल से 2 मई के बीच सीकर में गेस पेपर फैलना शुरू हुआ, जो बाद में तेजी से वायरल हो गया राजस्थान पुलिस ने 150 लोगों से पूछताछ की, 40 को हिरासत में लिया और मामला सीबीआई को सौंप दिया.