राजस्थान के नागौर में जाट समाज की बैठक में विवाह और मृत्युभोज में फिजूल खर्च रोकने के निर्णय लिए गए सोने-चांदी के बढ़ते दामों और दिखावे से गरीब और मध्यम वर्ग पर भारी आर्थिक दबाव पड़ रहा है विवाह में अधिकतम पांच तोला सोने के जेवरात देने-लेने की सीमा तय कर दी गई है