राजस्थान के अजमेर में 37 साल पुराने रेप मामले में सुप्रीम कोर्ट ने दोषी को नाबालिग घोषित किया. अपराध के समय आरोपी की उम्र 16 वर्ष 2 महीने 3 दिन थी, इसलिए किशोर न्याय अधिनियम लागू होगा. सुप्रीम कोर्ट ने दोषी को जुवेनाइल जस्टिस बोर्ड के सामने पेश होने का आदेश दिया है.