मलेशिया में रामायण आधारित ‘हिकायत सेरी राम’ का स्थानीय संस्कृति और धार्मिक विश्वासों के साथ गहरा जुड़ाव है. PM नरेंद्र मोदी ने अपने मलेशिया के दौरे के दौरान मलय कठपुतली प्रदर्शन ‘तिता सेरी राम’ को देखा. ‘हिकायत सेरी राम’ की रचना 13वीं से 17वीं शताब्दी के बीच की है, जिसमें इस्लाम का काफी प्रभाव है.