मौलाना महमूद मदनी ने एक बयान में कहा कि एक खास समुदाय को कानूनी, सामाजिक और आर्थिक रूप से कमजोर किया जा रहा है मदनी ने जिहाद शब्द को गलत तरीके से बदनाम करने और मुसलमानों की तौहीन करने की आलोचना की है उन्होंने जिहाद को केवल हिंसा नहीं बल्कि अन्याय के खिलाफ पवित्र कर्तव्य बताया और सुप्रीम कोर्ट पर सवाल उठाए