पश्चिम बंगाल में दो चरणों में चुनाव होने से टीएमसी को राहत, क्योंकि पार्टी लंबे चुनाव की विरोधी रही है. वहीं बीजेपी भी दावा कर रही कि एक साथ वोटिंग से बूथ कैप्चरिंग और बाहुबली राजनीति कम होगी. फर्जी वोटर हटाने, केंद्रीय निगरानी और प्रशासनिक नियंत्रण को लेकर पश्चिम बंगाल चुनाव 2026 दिलचस्प हो गया है.