संघ प्रमुख डॉ. मोहन भागवत ने मुंबई में व्याख्यानमाला में भारत की विश्व गुरु बनने की महत्वाकांक्षा व्यक्त की उन्होंने कहा कि भारत विश्व गुरु उदाहरण से बनेगा न कि केवल भाषणों से, यह स्वभाव हर भारतीय में है संघ प्रमुख ने देश में रहने वाले मुसलमान और ईसाई को भी भारत का हिस्सा बताते हुए समावेशिता जताई