कर्नाटक के रायचूर जिले में 58 वर्षीय धर्मगुरु देवेंद्रप्पा स्वामी ने अपने मठ में फांसी लगाकर आत्महत्या की. देवेंद्रप्पा स्वामी बस्सपुर गांव में जगद्गुरु शिवानंद मठ के पीठाधिपति थे और सरकारी शिक्षक भी थे. मुल्लूर गांव के प्राथमिक विद्यालय में प्रधानाध्यापक के रूप में कार्यरत थे और अवसाद से पीड़ित बताए जा रहे हैं.