NSUI ने UGC के जाति-आधारित भेदभाव को खत्म करने के नए नियमों का समर्थन करते हुए अपनी कुछ शर्तें भी रखीं. समिति में SC, ST, OBC छात्रों और शिक्षकों का अनिवार्य प्रतिनिधित्व और न्यायाधीशों की भागीदारी की जरूरत बताई. NSUI ने पूछा कि समिति का अध्यक्ष कौन होगा और इसे विश्वविद्यालय प्रशासन के प्रभाव से मुक्त रखा जाना चाहिए.