एम्बिट कैपिटल की रिपोर्ट के अनुसार 8वें वेतन आयोग के तहत कर्मचारियों और पेंशनधारकों की सैलरी में 30 से 34 प्रतिशत तक वृद्धि हो सकती है. आठवें वेतन आयोग के लागू होने से सरकारी खजाने पर लगभग 1 लाख 80 हजार करोड़ रुपये का अतिरिक्त वित्तीय बोझ पड़ने की उम्मीद है. फिटमेंट फैक्टर के माध्यम से कर्मचारियों की बेसिक सैलरी में संशोधन किया जाता है.