Ayushman Bharat -Pradhan Mantri Jan Arogya Yojana : बीमारी और अस्पताल का खर्च आज आम आदमी की सबसे बड़ी चिंता बन चुका है. एक बड़ी बीमारी कई सालों की बचत खत्म कर सकती है. ऐसे में केंद्र सरकार की आयुष्मान भारत योजना करोड़ों गरीब और जरूरतमंद परिवारों के लिए बड़ी राहत साबित हुई है. इस योजना में पात्र परिवारों को हर साल 5 लाख रुपये तक का मुफ्त इलाज मिलता है. लेकिन आज भी कई लोगों को यह गलतफहमी है कि आयुष्मान कार्ड बनते ही हर तरह का इलाज पूरी तरह मुफ्त हो जाता है. जबकि इस योजना के भी कुछ नियम और लिमिट्स हैं, जिनकी जानकारी होना बेहद जरूरी है.
सिर्फ भर्ती होने पर मिलता है फायदा
आयुष्मान योजना का सबसे अहम नियम यह है कि इसका फायदा अस्पताल में भर्ती होने पर ही मिलता है. अगर कोई व्यक्ति सामान्य बुखार, खांसी, सिरदर्द या हल्की बीमारी के लिए डॉक्टर के पास जाता है, तो उसका खर्च इस योजना में शामिल नहीं होता. यानी डॉक्टर की फीस, सामान्य चेकअप, OPD विजिट, ब्लड टेस्ट, एक्स-रे या बिना भर्ती हुए कराई गई जांच का पैसा मरीज को खुद देना पड़ता है.
किन बीमारियों का इलाज होता है कवर?
आयुष्मान योजना में कई गंभीर बीमारियों और सर्जरी का खर्च कवर किया जाता है. इनमें शामिल हैं -
दिल की बीमारियां
- हार्ट अटैक
- एंजियोप्लास्टी
- बायपास सर्जरी
- हाई बीपी
कैंसर का इलाज
- कीमोथेरेपी
- रेडिएशन
- ब्रेस्ट, फेफड़े, पेट और मुंह के कैंसर का इलाज
न्यूरोलॉजिकल बीमारियां
- स्ट्रोक
- ब्रेन ट्यूमर
- पार्किंसन
- मिर्गी
किडनी और लीवर रोग
- डायलिसिस
- क्रॉनिक किडनी डिजीज
- सिरोसिस
- हेपेटाइटिस B और C
हड्डी और जोड़
- फ्रैक्चर
- हिप और नी सर्जरी
- आर्थराइटिस
महिलाओं और बच्चों का इलाज
- नॉर्मल डिलीवरी
- सी-सेक्शन
- NICU केयर
- बच्चों की गंभीर बीमारियां
क्या-क्या कवर नहीं होता?
योजना में कुछ इलाज और सुविधाएं शामिल नहीं हैं, जैसे -
- OPD परामर्श
- कॉस्मेटिक और प्लास्टिक सर्जरी
- IVF और टेस्ट ट्यूब बेबी
- सामान्य डेंटल ट्रीटमेंट
- विटामिन और सप्लीमेंट्स
- नशे या खुद को नुकसान पहुंचाने से जुड़ा इलाज
हर अस्पताल में नहीं चलता आयुष्मान कार्ड
बहुत से लोग बिना जानकारी के किसी भी प्राइवेट हॉस्पिटल में पहुंच जाते हैं. बाद में पता चलता है कि वहां आयुष्मान सुविधा उपलब्ध ही नहीं है. दरअसल, इस योजना का फायदा सिर्फ उन्हीं अस्पतालों में मिलता है जो सरकार के पैनल में शामिल हैं. इसलिए इलाज शुरू कराने से पहले यह जरूर चेक कर लें कि अस्पताल आयुष्मान योजना से जुड़ा हुआ है या नहीं.
कौन लोग नहीं उठा सकते फायदा?
यह योजना केवल आर्थिक रूप से कमजोर और पात्र परिवारों के लिए बनाई गई है. सरकारी नौकरी करने वाले, इनकम टैक्स भरने वाले, PF कटने वाले या ESIC सुविधा लेने वाले लोग आमतौर पर इसके दायरे में नहीं आते.
इलाज शुरू करने से पहले रखें इन बातों का ध्यान
- अस्पताल में आयुष्मान डेस्क पर जानकारी जरूर लें.
- कौन-सी सुविधा मुफ्त है, पहले पता करें.
- प्राइवेट रूम या एक्स्ट्रा टेस्ट का अलग चार्ज हो सकता है.
अस्पताल से इलाज का पूरा पैकेज समझ लें
आयुष्मान भारत योजना गरीब परिवारों के लिए बेहद मददगार योजना है, लेकिन इसका सही फायदा तभी मिल सकता है जब लोग इसके नियमों और लिमिट्स को अच्छी तरह समझें. सही जानकारी आपको अस्पताल के बड़े खर्च और अनचाही परेशानी से बचा सकती है.














