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दिल्ली अग्निकांड के बाद जबलपुर में फायर सेफ्टी पर सख्ती: स्कूल समेत 325 संस्थानों को नोटिस

जबलपुर नगर निगम के अग्निशमन विभाग ने फायर एनओसी जमा करने के लिए शहर के करीब 325 सस्थानों को नोटिस भेजा है. नोटिस में ये भी कहा गया है कि जिन संस्थानों द्वारा फायर सुरक्षा मानकों का पालन नहीं किया जाएगा, उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी.

दिल्ली अग्निकांड के बाद जबलपुर में फायर सेफ्टी पर सख्ती: स्कूल समेत 325 संस्थानों को नोटिस
फायर विभाग की टीम लगातार बड़े भवनों और संस्थानों की जांच कर रही है.

देशभर में हाल के अग्निकांडों से सबक लेते हुए जबलपुर नगर निगम ने बड़े हादसों को रोकने के लिए कमर कस ली है. नगर निगम के अग्निशमन विभाग ने शहर के करीब 325 स्कूलों, अस्पतालों, कोचिंग संस्थानों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को नोटिस जारी कर उनकी फायर एनओसी (नो ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट) जमा करने के निर्देश दिए हैं. नगर निगम द्वारा पहले भी नोटिस जारी किए जा चुके थे, लेकिन अब तक अपेक्षित संख्या में संस्थानों ने दस्तावेज जमा नहीं किए हैं.

नगर निगम के अधिकारियों के अनुसार, नोटिस प्राप्त संस्थानों को निर्धारित समय सीमा के भीतर अपनी फायर एनओसी प्रस्तुत करनी थी, लेकिन अब तक केवल लगभग 60 से 70 संस्थानों ने ही एनओसी जमा कराई है. बड़ी संख्या में संस्थान अभी भी नियमों का पालन नहीं कर रहे हैं, जिससे नगर निगम की चिंता बढ़ गई है.

नियम तोड़ने वालों पर होगी सख्ती

नगर निगम आयुक्त रामप्रकाश अहिरवार ने स्पष्ट किया है कि सार्वजनिक सुरक्षा के मामले में किसी को भी छूट नहीं दी जाएगी. जिन संस्थानों द्वारा फायर सुरक्षा मानकों का पालन नहीं किया जाएगा, उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी. नगर निगम की टीमें लगातार निरीक्षण कर रही हैं और नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर सीलिंग सहित अन्य वैधानिक कदम उठाए जा सकते हैं.

नगर निगम का कहना है कि स्कूल, अस्पताल और कोचिंग संस्थानों जैसी जगहों पर बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहते हैं, इसलिए फायर सेफ्टी मानकों का पालन अनिवार्य है. अधिकारियों का मानना है कि समय रहते सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित कर किसी भी संभावित बड़े हादसे को रोका जा सकता है. उन्होंने स्पष्ट किया है कि सार्वजनिक सुरक्षा के मामले में किसी को भी छूट नहीं दी जाएगी. जिन संस्थानों द्वारा फायर सुरक्षा मानकों का पालन नहीं किया जाएगा, उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी. नगर निगम की टीमें लगातार निरीक्षण कर रही हैं और नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर सीलिंग सहित अन्य वैधानिक कदम उठाए जा सकते हैं.

फायर NOC के मुख्य नियम

  • ऊंची इमारतों के लिए अनिवार्य: 15 मीटर या उससे अधिक ऊँचाई वाले भवनों के लिए फायर NOC अनिवार्य है.
  • स्कूल एवं कॉलेज: 500 से अधिक विद्यार्थियों वाले या दो से अधिक मंजिल वाले शैक्षणिक संस्थानों को फायर NOC लेना आवश्यक है.
  • अस्पताल एवं नर्सिंग होम: 50 या उससे अधिक बिस्तरों वाले अस्पतालों के लिए फायर NOC अनिवार्य है.
  • मॉल, होटल, कोचिंग एवं व्यावसायिक परिसर: बड़े व्यावसायिक भवन, मॉल, मल्टीप्लेक्स, होटल, लॉज, कोचिंग संस्थान और कॉम्प्लेक्स फायर सुरक्षा मानकों के दायरे में आते हैं.

फायर फाइटिंग सिस्टम अनिवार्य

भवन में अग्निशामक यंत्र (Fire Extinguishers), हाइड्रेंट सिस्टम, स्प्रिंकलर सिस्टम, फायर अलार्म और स्मोक डिटेक्टर लगाए जाना आवश्यक है.

आपातकालीन निकास (Emergency Exit): पर्याप्त चौड़ाई वाली सीढ़ियां, आपातकालीन निकास द्वार और स्पष्ट एग्जिट संकेतक होना चाहिए. वहीं भवन के चारों ओर पर्याप्त खुला स्थान होना चाहिए ताकि फायर ब्रिगेड वाहन आसानी से पहुंच सकें. NOC न होने या फायर सुरक्षा मानकों का पालन न करने पर सीलिंग, जुर्माना, संचालन पर रोक और कानूनी कार्रवाई की जा सकती है.

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